• Sat. Mar 7th, 2026

नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला- 2025 में मध्यप्रदेश की पुस्तकें बनीं आकर्षण का केंद्र

नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला- 2025 में मध्यप्रदेश की पुस्तकें बनीं आकर्षण का केंद्र
vishvpustakmela,worldbookfairनई दिल्ली के भारत मंडपम में 9 फरवरी तक चल रहे नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेले- 2025 में मध्यप्रदेश की पुस्तकें खास आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। मेले में हॉल नंबर 2 के आर-59 में शासन के पर्यटन विभाग और संस्कृति विभाग का संयुक्त स्टॉल तथा पी-06 में मप्र हिन्दी ग्रन्थ अकादमी का स्टॉल लगाया गया है।

पर्यटन और संस्कृति विभाग के स्टाल में भोपाल और उज्जैन के प्रतिष्ठित प्रकाशकों जैसे स्वराज संस्थान, धर्मपाल शोधपीठ, महाराजा विक्रमादित्य शोधपीठ, वीर भारत न्यास, जनजातीय लोक कला एवं बोली विकास अकादमी, मध्यप्रदेश उर्दू अकादमी, आचार्य शंकर सांस्कृतिक एकता न्यास तथा हिन्दी साहित्य अकादमी की पुस्तकें विक्रय के लिए उपलब्ध हैं। इन पुस्तकों के माध्यम से राज्य के स्वतंत्रता संग्राम का इतिहास, सांस्कृतिक विरासत, कला-संस्कृति, पर्यटन, ऐतिहासिक धरोहर और पुरातत्व जैसे विषयों पर प्रकाश डाला गया है। राज्य के प्रसिद्ध साहित्यकारों की रचनाएं भी यहां उपलब्ध हैं। गांधी दर्शन, अद्वैत वेदांत दर्शन, लोकगीत तथा देवी-स्तुति गीत, भित्ति चित्र, लोक तथा जनजातीय कला जैसे विषयों पर आधारित दुर्लभ पुस्तकों को पाठक खूब पसंद कर रहे हैं। पुस्तकालय संचालक, शोधकर्ता, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्र भी बड़ी संख्या में स्टॉल पर पहुंच रहे हैं। पर्यटक और प्रकृति प्रेमी पर्यटन विभाग के प्रकाशन – मध्यप्रदेश गाइड मैप, ‘वाइल्ड एमपी’, ‘उज्जैन: द लिविंग लेजेंड’, ‘बुंदेलखंड: द हार्ट बीट ऑफ एमपी’, ‘सतपुड़ा’ और ‘बर्ड्स ऑफ भोपाल’ किताबों में विशेष रूचि ले रहे हैं।

मप्र हिन्दी ग्रन्थ अकादमी के स्टॉल में राज्य के नाट्य संग्रह, काव्य शास्त्र, विज्ञान, समाजशास्त्र, व्याकरण, बुन्देली साहित्य, भारतीय कला और दर्शन, इत्यादि की पुस्तकें उपलब्ध हैं।
====================================================================
नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला- 2025 में मध्यप्रदेश की पुस्तकें बनीं आकर्षण का केंद्र
vishvpustakmela,worldbookfair

 

aum

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *